जाँच में कम समय।
पढ़ाने में अधिक समय।
हस्तलिखित उत्तर-पत्रकों को अंक, स्पष्ट फीडबैक और छात्रों को आगे क्या चाहिए उसकी तस्वीर में बदलें—नियंत्रण शिक्षकों के पास।
कक्षा टेस्ट · सत्र परीक्षा · प्री-बोर्ड अभ्यास

कक्षा टेस्ट · सत्र परीक्षा · प्री-बोर्ड अभ्यास
आपके पेपर
जो आकलन आप पहले से इस्तेमाल करते हैं, उन्हीं से शुरू करें।
आपके शिक्षकों का निर्णय
अंक और उनके पीछे के कारणों की समीक्षा करें।
आपकी अगली कक्षा
खाइयों से आगे की पढ़ाई का मार्ग तय करें।
हर आकलन के बाद
कॉपियाँ बढ़ती जाती हैं। अगली कक्षा इंतज़ार नहीं कर सकती।
जाँच शिक्षकों के साथ घर जाती है।
हर उत्तर पढ़ना, अंक देना और व्याख्या लिखना पड़ता है—अगली कक्षा की तैयारी के ऊपर।
अंक सवाल अधूरे छोड़ देते हैं।
छात्र देखते हैं कितने अंक आए। सुधार कहाँ करना है, यह अभी भी समझना बाकी रहता है।
कुल योग सीख की खाइयाँ छिपा देता है।
स्कूल नेतृत्व को कुल परिणाम से आगे देखना होता है—किन कक्षाओं और विषयों पर ध्यान चाहिए।
शिक्षकों के लिए
जाँच का पहला चरण। पढ़ाने का साफ़ शुरुआती बिंदु।
Chanakya लिखित उत्तर का मूल्यांकन करता है। आपके शिक्षक तर्क की समीक्षा करते हैं और आगे क्या करना है, तय करते हैं।
काम के अंक दें
आपकी मार्किंग स्कीम के तहत सही चरणों पर आंशिक अंक दें।
कटौती को उपयोगी बनाएँ
छूटा चरण या व्याख्या दिखाएँ, ताकि फीडबैक उस चीज़ की ओर इशारा करे जिसका छात्र अभ्यास कर सके।
शिक्षकों को प्रक्रिया में रखें
सुझाए अंक और फीडबैक की स्कूल की अपेक्षाओं से समीक्षा करें।
“गलत” से आगे।
मूल्यांकित छात्र कार्य से · पहचान हटाई गई
छात्र ने क्या सही किया
विधि और पहले दो चरण।
उत्तर कहाँ बिगड़ा
अंतिम गणना में चिह्न की त्रुटि।
आगे क्या अभ्यास करें
अंतिम पंक्ति सरल करने से पहले चिह्न जाँचें।
आपकी मार्किंग स्कीम के अनुसार सही कार्य पर अंक मिल सकते हैं।
उत्तर जाँच देखें
अकादमिक नेतृत्व के लिए
देखें कक्षा को आगे कहाँ आपकी ज़रूरत है।
प्रश्न-वार परिणाम और त्रुटि पैटर्न से अकादमिक समीक्षा को “आगे क्या करें” पर केंद्रित करें।
- किन प्रश्नों की फिर से व्याख्या चाहिए?
- किसे मूल अवधारणा पर सहायता चाहिए?
- अगले आकलन से पहले शिक्षकों को क्या दोहराना चाहिए?
एक कक्षा। एक पेपर। व्यावहारिक शुरुआत।
पूरे स्कूल में बढ़ाने से पहले शिक्षकों के साथ काम देखें।
- 01
एक कक्षा चुनें
परिचित टेस्ट चुनें और पेपर व मार्किंग स्कीम साझा करें।
- 02
नमूना पत्रक साझा करें
स्कैन और अपलोड अपेक्षाएँ हमारी टीम से तय करें।
- 03
शिक्षकों के साथ समीक्षा करें
अंक, कटौती और फीडबैक उनके निर्णय से मिलाएँ।
- 04
अगला कदम तय करें
सीखी बातों से आगे की पढ़ाई प्लान करें और उपयुक्तता आँकें।
स्कूल शुरू करने से पहले।
क्या हम स्कूल के अपने प्रश्न-पत्र इस्तेमाल कर सकते हैं?
हाँ। प्रश्न-पत्र, उसकी मार्किंग स्कीम और हस्तलिखित उत्तर-पत्रकों का नमूना लेकर शुरू करें। शिक्षक उस टेस्ट के मूल्यांकन का आकलन कर सकते हैं जिसे वे पहले से जानते हैं।
किन बोर्ड, कक्षाओं और विषयों पर आज़मा सकते हैं?
अपना बोर्ड, कक्षा, विषय और प्रश्न प्रारूप बताएँ। हम आपके वास्तविक पेपर से उपयुक्तता जाँचेंगे और पायलट से पहले दायरा तय करेंगे।
क्या सही कार्य पर छात्रों को अंक मिल सकते हैं?
हाँ। आंशिक अंक मार्किंग कसौटी के अनुसार मिलते हैं। बाद का चरण या अंतिम उत्तर गलत होने पर भी सही मध्यवर्ती चरणों पर अंक मिल सकते हैं।
शिक्षक कहाँ जुड़े रहते हैं?
शिक्षक सुझाए अंक और व्याख्याओं की अपनी मार्किंग कसौटी से समीक्षा करते हैं। ध्यान कहाँ चाहिए और कक्षा में कैसे आगे बढ़ें, यह उनके निर्णय पर है।
स्कूल पायलट में क्या शामिल है?
हम आपके प्रश्न-पत्र से सहमति वाले नमूना उत्तर-पत्रकों का मूल्यांकन करते हैं, फिर अकादमिक टीम के साथ परिणाम देखते हैं। नमूना आकार, समय और व्यावसायिक शर्तें शुरू से पहले तय होती हैं।
ऐसा पेपर लाएँ जिसे आपके शिक्षक पहले से जानते हैं।
स्कूल के उत्तर-पत्रकों का नमूना मूल्यांकित करें और अंक व फीडबैक अकादमिक टीम के साथ देखें।
आपका प्रश्न-पत्र · आपकी मार्किंग स्कीम · आपके शिक्षकों की समीक्षा